बालाघाट
चेक पोस्ट पर अन्य राज्यों से आने वाली धान पर सख्त निगरानी रखने के निर्देश

कलेक्टर ने ली उपार्जन समिति की बैठक
चेक पोस्ट पर अन्य राज्यों से आने वाली धान पर सख्त निगरानी रखने के निर्देश
प्रदेश शासन की उपार्जन नीति के अनुरूप बालाघाट जिले में 01 दिसम्बर से समर्थन मूल्य पर धान की खरीदी की जा रही है। समर्थन मूल्य पर किसान के नाम पर व्यापारी या बिचौलिये अपनी धान न बेच पाए इसके लिए जिले में आगामी आदेश तक अन्य राज्यों से व्यापारियों एवं मिलर्स द्वारा धान मंगाये जाने पर रोक लगायी गई है। इसी कड़ी में कलेक्टर श्री मृणाल मीना ने 19 दिसम्बर को उपार्जन समिति की बैठक लेकर जिले के सभी चेकपोस्ट पर अन्य जिलों व राज्यों से धान लेकर आने वाले वाहनों पर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिये है। बैठक में अपर कलेक्टर श्री जीएस धुर्वे एवं समिति के सदस्य अधिकारी उपस्थित थे।
कलेक्टर श्री मीना ने 19 दिसम्बर को धान उपार्जन समिति की बैठक में चेक पोस्ट पर ठीक से निगरानी नही करने के कारण बालाघाट के कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी श्री पहल सिंह वलाड़ी का एक दिन का वेतन काटने के आदेश दिये है। इसके साथ ही किरनापुर एसडीएम एवं बिरसा तहसीलदार को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिये है।
जिले में कंजई चेक पोस्ट पर जांच के दौरान धान लेकर आने वाले ट्रक चालकों द्वारा बताया जा रहा है कि वे महाराष्ट्र के गोंदिया जिले में मिलर्स एवं व्यापारियों के लिए धान लेकर जा रहे है। ऐसे वाहनों की रजेगांव एवं अन्य चेकपोस्ट पर अनिवार्य रूप से जांच एवं एंट्री करने के निर्देश दिये गए है। जिससे यह प्रमाणित हो जाए कि कंजई एवं अन्य चेक पोस्ट से जिले में प्रवेश करने वाले वाहन धान लेकर गोंदिया के लिए निकल रहे है। यदि कंजई एवं अन्य चेक पोस्ट से गोंदिया एवं पड़ोसी राज्य के लिए निकलने वाले वाहनो की रजेगांव व अन्य चेकपोस्ट पर एंट्री नही होती है तो यह माना जाएगा कि वह धान जिले में ही किसी मिलर्स या व्यापारी के पास पहुंच गया है और ऐसी धान को जब्त कर लिया जाएगा। चेक पोस्ट पर तैनात अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि अन्य जिलों एवं राज्य से धान लेकर गोंदिया जाने वाले वाहनों की जानकारी रजेगांव व अन्य सीमावर्ती चेक पोस्ट को अनिवार्य रूप से दे।
जिले के व्यापारी एवं मिलर्स द्वारा अन्य राज्यों से धान मंगाई जाती है तो नागरिक आपूर्ति निगम के अधिकारी को धान के उपयोग के संबंध में जानकारी देना होगा तभी वे अन्य राज्यों से धान मंगा सकते है। बगैर जानकारी दिये धान मंगाये जाने पर संबंधित व्यापारी एवं मिलर्स के विरूद्ध कार्यवाही की जाएगी और धान को उपार्जन समाप्ति तक सील कर दिया जाएगा। जिन व्यापारी एवं मिलर्स द्वारा आज तक अन्य राज्यों से धान मंगाई गई है उसकी सघन जांच करने एवं दस्तावेजों का परीक्षण करने के निर्देश दिये गए। मंडी के अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि सभी चेक पोस्ट पर कड़ी निगरानी रखे और चेक पोस्ट पर आने वाली धान की जानकारी व्यापारियों के नाम सहित जिला कंट्रोल रूम को प्रस्तुत करें।













