
25 फरवरी को राष्ट्रव्यापी आंदोलन: बालाघाट में बस स्टैंड से निकलेगी रैली, श्रमिकों की मांगों को लेकर सौंपा जाएगा ज्ञापन

पदमेश न्यूज़,बालाघाट। भारतीय मजदूर संघ के राष्ट्रीय आह्वान पर 25 फरवरी 2026 बुधवार को दोपहर 12 बजे से एक दिवसीय राष्ट्रव्यापी आंदोलन आयोजित किया जाएगा। इस संबंध में सोमवार 23 फरवरी को नगर मुख्यालय में संगठन की बैठक संपन्न हुई, जिसमें आंदोलन की रूपरेखा, रैली मार्ग और प्रमुख मांगों पर विस्तार से चर्चा की गई।निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आंदोलन की शुरुआत बस स्टैंड, बालाघाट से होगी। यहां से श्रमिकों एवं कर्मचारियों की रैली शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए कलेक्टर कार्यालय पहुंचेगी, जहां प्रधानमंत्री एवं केंद्रीय श्रम मंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा। संगठन ने जिले के सभी सरकारी एवं निजी विभागों में कार्यरत कर्मचारियों और श्रमिकों से बड़ी संख्या में उपस्थित होकर आंदोलन को सफल बनाने का आह्वान किया है।
इन प्रमुख मांगो को लेकर सौपा जाएगा ज्ञापन
ईपीएफओ अंशदान के लिए वेतन सीमा में वृद्धि की जाने,ईएसआईसी अंशदान की वेतन सीमा बढ़ाई जाने,ईपीएस-95 के अंतर्गत पेंशन राशि बढ़ाकर न्यूनतम 7500 रुपये प्रतिमाह किए जाने, पेंशन भोगियों को आयुष्मान भारत योजना का लाभ देने, खदानों एवं अन्य संस्थानों में कार्यरत ठेका श्रमिकों को नियमित किए जाने,आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका, मिड-डे मील रसोईया, पेशा मोबिलाइजर, अतिथि शिक्षक, नगर पालिका के अनियमित कर्मचारी, आउटसोर्सिंग कर्मचारी एवं सफाई कर्मियों को स्थायी कर उन्हें कामगार का दर्जा देने लोडिंग अनलोडिंग, के दाम बढ़ाने, जो मजदूर बांस टाल, कवेलु कारखानों, पेट्रोल पंप, अनाज मंडी, वेयरहाउस और धान खरीदी केंद्रों में कार्यरत हैं उन्हें सामाजिक सुरक्षा के दायरे में शामिल करने,चालक एवं परिचालकों को श्रमिक पंजीयन, दुर्घटना एवं जीवन बीमा, पेंशन, वृद्धावस्था सहायता तथा स्वास्थ्य बीमा जैसी सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ देने सहित अन्य मांगों को धरना व ज्ञापन के माध्यम से पूरा करने की गुहार लगाई जाएगी।
ये सिर्फ आंदोलन नही बल्कि श्रमिकों के अधिकारों और सम्मान की लड़ाई है- योगेश यादव
भारतीय मजदूर संघ अध्यक्ष योगेश यादव ने बताया कि यह आंदोलन केवल मांगों का ज्ञापन देने तक सीमित नहीं है, बल्कि श्रमिकों के अधिकारों और सम्मान की लड़ाई का प्रतीक है। उन्होंने जिले के सभी कर्मचारी एवं श्रमिक संगठनों से एकजुट होकर आंदोलन में शामिल होने का आग्रह किया।उन्होंने बताया कि लंबे समय से श्रमिक वर्ग विभिन्न समस्याओं से जूझ रहा है, जिनके समाधान के लिए यह राष्ट्रव्यापी आंदोलन आवश्यक हो गया है। आंदोलन के माध्यम से सामाजिक सुरक्षा, वेतन सीमा, पेंशन और नियमितीकरण जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाया जाएगा।











